देहरादून, उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने वर्ष 2011-12 के लिए बिजली की नई दरें तय कर दी हैं। आयोग ने विद्युत दरों में 31 प्रतिशत औसत वृद्धि के ऊर्जा निगम के प्रस्ताव को करारा झटका देते हुए सिर्फ 5.26 फीसदी बढोतरी ही की है। घरेलू उपभोक्ताओं के लिए पहली 100 यूनिट खपत पर 5 पैसे प्रति यूनिट, 101 से 200 यूनिट तक 10 पैसे व 201 यूनिट व अधिक खपत पर 20 पैसे प्रति यूनिट की बढोतरी की गई है, जबकि फिक्सड चार्ज में भी 5 से 20 रुपये तक बढ़ाए हैं। बीपीएल व बर्फवारी वाले क्षेत्रों के उपभोक्ताओं पर पहली बार फिक्सड चार्ज लगाया गया है। अन्य श्रेणियों के लिए फिक्सड चार्ज 5 से 20 रुपये व विद्युत दर में 10 पैसे की औसत वृद्धि हुई है। बिजली की यह नई दरें 1 मई 2011 से लागू होंगी। वर्ष 2011-12 के लिए ऊर्जा निगम ने 28 नवंबर 2010 को नियामक आयोग के समक्ष टैरिफ पिटीशन दायर की थी, जिसमें कुल एनुअल रेवेन्यू रिक्वायरमेंट में 2151.95 करोड़ के प्रस्तावित राजस्व अंतर को पाटने के लिए बिजली की दरों में 31 प्रतिशत की वृद्धि का प्रस्ताव रखा गया था। आयोग ने निगम की एआरआर 141.19 करोड़ रुपये का राजस्व अंतर अनुमोदित करते हुए टैरिफ में 5.26 फीसदी की औसत वृद्धि की है। सरकारी श्रेणी के उपभोक्ताओं को मिलने वाली सब्सिडी खत्म कर दी गई है। मार्निग पीक डिमांड में कमी लाने के
No comments:
Post a Comment